मसूरी:- मसूरी माल रोड सुधारीकरण के कार्य में हो रहे विलंब को लेकर आज पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के तहत गांधी चौक पर धरना दिया और भाजपा सरकार को कटघरे में खड़ा कर कई सवाल दागे ।
गांधी चौक पर गांधी जी की प्रतिमा के नीचे आयोजित धरना प्रदर्शन में शहर कांग्रेस के साथ ही होटल एसोसिएशन ,मजदूर संघ, शिफन कोर्ट संघर्ष समिति के साथ ही स्थानीय लोग भी मौजूद रहे। पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने कहा कि उनके मुख्यमंत्री काल में उनके द्वारा विभिन्न योजनाएं मसूरी के लिए लाई गई थी जिन पर अब तक कार्य नहीं हुआ है और आज पर्यटन सीजन चरम पर है और मसूरी की ऐतिहासिक माल रोड के गड्ढे भरने का काम भी सरकार नहीं कर पा रही है। उन्होंने मसूरी माल रोड के कार्यों में हो रहे विलंब को लेकर सरकार को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि ऐसे लोगों के खिलाफ कार्यवाही की जानी चाहिए, जिनकी वजह से मसूरी माल रोड के सुधारीकरण के कार्य में विलंब हो रहा है । उन्होंने कहा कि मसूरी देहरादून मार्ग पर स्थित गलोगी धार से हर वर्ष मलवा गिरता रहता है जिससे कभी भी जान माल की हानि हो सकती है जबकि यह मसूरी देहरादून को जोड़ने वाला एकमात्र मार्ग है इसका ट्रीटमेंट अब तक नहीं हो पाया है। उन्होंने कहा कि यदि मसूरी की समस्याओं का हल नहीं किया गया तो 15 दिनों के बाद मसूरी से देहरादून तक मार्च निकाला जाएगा।
इस अवसर पर शहर कांग्रेस अध्यक्ष अमित गुप्ता ने कहा कि मसूरी की विभिन्न समस्याओं को लेकर आज पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत धरने पर बैठे हैं और मसूरी की जनता के साथ ही विभिन्न सामाजिक संगठनों के लोग भी इसमें शामिल है । उन्होंने कहा कि थामी सरकार पूरी तरह से फेल हो चुकी है और आज यहां आने वाला पर्यटक खुद को ठगा महसूस कर रहा है इससे पर्यटन पर बुरा प्रभाव पड़ेगा। इस अवसर पर पालिका के पूर्व अध्यक्ष मनमोहन सिंह मल्ल, पूर्व विधायक जोत सिंह गुनसोला, पालिका सभासद जसवीर कौर, दर्शन रावत, करंट बोर्ड के पूर्व उपाध्यक्ष महेश चंद, भगवती प्रसाद सकलानी, रामप्रसाद कवि, राजीव अग्रवाल, वसीम खान, मेघ सिंह कंडारी , भगवान सिंह सुशील अग्रवाल सहित भारी संख्या में कांग्रेस के कार्यकर्ता मौजूद रहे।

