गोबर्धन व अन्नकूट पर भंडारे का आयोजन किया गया।

मसूरी:-  गोवर्धन पर्व एवं अन्नकूट का पर्व पर्यटन नगरी मसूरी में पारंपरिक रीतियों के साथ उत्साह व उल्लास के साथ मनाया गया। इस मौके पर घरों में पूजा अर्चना की गई वहीं मंदिरों में भी पूजा अर्चना के बाद भंडारे का आयोजन किया गया।
दीपावली के बाद गोबर्धन पूजा का विशेष महत्व है जिसके तहत श्रद्धालुओं ने घरों में गोबर्धन व अन्नकूट की पूजा की व परिवार के खुशहाली की कामना की। वहीं मंदिरों में भी गोबर्धन की विशेष पूजा की गई व अन्नकूट की पूजा व भोग लगाने के बाद विशाल भंडारे का आयोजन सभी मंदिरों में किया गया। इस मौके पर सनातन धर्म मंदिर लंढौर, लक्ष्मी नारायण मंदिर किताबघर व राधाकृष्ण मंदिर कुलड़ी में अन्नकूट के मौके पर भंडारेे का आयोजन किया गया जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने भंडारे का प्रसाद ग्रहण किया। इस मौके पर राधाकृष्ण मंदिर समिति के अध्यक्ष सतीश ढौडियाल ने बताया कि गोबर्धन का पर्व भगवान श्रीकृष्ण के नाम पर आयोजित किया जाता है जिसमें कहा गया है कि इस दिन भगवान कृष्ण ने भारी वर्षा के कारण प्रजा को बचााने के लिए गोबर्धन पर्वत को अपनी उंगली पर उठा कर रक्षा की थी जिसके कारण अन्नकूट का पर्व मनाया जाता है। इसी कड़ी में हर वर्ष मंदिर में भंडारे का आयोजन किया जाता है ताकि सभी लोगों के यहां अन्न धन की कमी न हो व सभी सुखी रहें। इस मौके पर रजत अग्रवाल, सतीश ढौडियाल, जोगेंद्र कुकरेजा, शिव अरोड़ा, कश्मीरी लाल, संजय अग्रवाल, सुरेश गोयल,राजेश शर्मा, सहित बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे।