वामपंथी नेता अतुल अंजान के निधन पर शोक सभा कर श्रद्धांजलि अर्पित की गई।

मसूरी:- मजदूर संघ मसूरी के कार्यालय में देश के प्रखर नेता व भाकपा पोलित ब्यूरो के सदस्य कामरेड अतुल कुमार अंजान के आकस्मिक निधन पर शोक सभा की गई व उनके चित्र पर पुष्पाजलि अर्पित कर उनको श्रद्धांजलि दी गई। इस मौके पर उनके द्वारा किसानों, कामगारों, छात्रों श्रमिकों आदि के लिए किए गये संघर्र्षाे को याद किया गया।
मजदूर संघ कार्यालय में आयोजित शोक सभा में बोलते हुए पूर्व विधायक व कांग्रेस से सांसद का चुनाव लड़े जोत सिंह गुनसोला ने कहा कि कामरेड अंजान ऐसे नेता थे जिनके विचारों को सुनने के बाद आत्ममंथन किया जाता था। उन्होंने अपना पूरा जीवन भाकपा के झंडे तले देश के दबे कुचले, श्रमिकों, किसानों के हितों की रक्षा के लिए समर्पित किया। इस मौके पर भाकपा के सचिव व मजदूर संघ के महामंत्री देवी गोेदियाल ने कहा कि कामरेड अतुल अंजान का मसूरी से विशेष लगाव था व वे यहाँ समय समय पर आते रहते थे। उन्होंने कहा कि छात्र जीवन से ही वह वामपंथी विचार धारा से प्रभावित थे तथा तीन बार लखनउ विश्व विद्यालय छात्र संघ के अध्यक्ष रहे। उनकी पार्टी में सक्रियता व जनहित के लिए किए गये संघर्षों के चलते उन्हें कम्युनिस्ट पार्टी की राष्ट्रीय कार्यकारणी के सदस्य बनाये गये वह किसानों के हितो के लिए बनी स्वामीनाथन कमेटी के सदस्य भी थे। इस मौके पर मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी के शहर सचिव भगवान सिंह चौहान ने कहा कि जब देश में फासीवादी वताकते व दक्षिणपंथी ताकतें सक्रिय हैं ऐसे में लाल सितारे कामरेड अतुल अंजान के चले जाने से पूरे वामपंथी आंदोलन को गहरा आघात लगा है। उन्होंने कहा कि उन्हें वामपंथी आंदोलन में हमेशा याद रखा जायेगा। इस मौके पर कांग्रेस के शहर अध्यक्ष अमित गुप्ता ने कहा कि कामरेड अंजान के चले जाने से देश ने की राजनीति ने बडा नेता खो दिया। इस मौके पर पूर्व पालिकाध्यक्ष मनमोहन सिंह मल्ल ने कहा कि कामरेड अंजान से उनकी मसूरी में ही नगर पालिका में आयोजित कार्यक्रम में मुलाकात हुई थी व जब उन्होंने कार्यक्रम को संबोधित किया तो उनके विचार सुनकर खासे प्रभावित हुए। उनकी समाज के हर वर्ग पर पकड़ थी। उनके निधन से देश ने एक सच्चा देश भक्त खो दिया जिन्होंने हमेशा देश के कमजोर वर्ग के लिए संघर्ष किया। इस मौके पर आरपी बडोनी ने कहा कि कामरेड अंजान कई बार मसूरी आये व उन्होंने यहां पर वामपंथी आंदोलन को मजबूत करने का प्रयास किया। इस मौके पर संजय टम्टा, असलम खान, आम आदमी पार्टी के जय प्रकाश राणा, पूरण सिंह, शूरवीर भंडारी, बिजेंद्र पुंडीर सहित वामपंथी व इंडिया गठबंधन के लोग मौजूद रहे।