मसूरी:- एमपीजी कॉलेज मसूरी में छात्र संघ चुनाव संपन्न हुए, चुनाव हंगामादार रहे मतदान के दौरान छात्रों के दो गुटों के बीच विवाद बढ़ता देख पुलिस को तीन बार लाठियां फटकारनी पड़ी हालांकि राष्ट्रपति के उत्तराखंड दौरे के चलते पुलिस बल की कमी रही किंतु पुलिस की सूझबूझों से कोई अप्रिय घटना नहीं हुई। महासचिव पद के मुख्य प्रत्याशियों मसूरी छात्र संगठन व जौनपुर छात्र संगठन के बीच हंगामा होता रहा व मारपीट की नौबत आने पर पुलिस को हल्का बल प्रयोग कर स्थिति को नियंत्रित करना पड़ा।
मतदानप्रात 9:00 बजे शुरू हुआ तथा 2:00 बजे तक चला इसके बाद मत गणना शुरू हुई 6:30 बजे नतीजे घोषित किए गए। मुख्य मुकाबला एबीवीपी व एनएसयूआई के बीच रहा महासचिव पद पर दोनों ने अपना प्रत्याशी नहीं उतारा जिस कारण महासचिव पद पर मुख्य मुकाबला जौनपुर छात्र संगठन वह मसूरी छात्र संगठन के बीच रहा ।
छात्र संघ चुनाव में एबीवीपी ने अध्यक्ष पद पर जीत दर्ज की उनके प्रत्याशी मोहन ने एनएसयूआई के अक्षत रावत को 64 मतों से पराजित किया मोहन को 313 व अक्षत रावत को 249 मत मिले वहीं उपाध्यक्ष पद पर एबीवीपी के रीना रावत ने एनएसयूूआई के बिंदिया को 24 मतों से हराया। रीना को 292 व बिंदिया को 268 मत पडे। सह सचिव पद पर एबीवीपी के हिमांशु उनियाल ने एनएसयूआई के अभय पंत को 29 मतों से हराया। हिमांशु को 296 व अभय पंत को 267 मत मिले व कोषाध्यक्ष पद पर एबीवीपी की रिंकी शाह ने एनएसयूआई की आंचल को 46 मतों से बाजी मारी रिंकी शाह को 303 व आंचल को 257 मत मिले। जबकि विवि प्रतिनिधि पद पर एनएसयूआई के अनुज ने एबीवीपी की शीला को दोे मतों से बाजी मारी। अनुज को 280 व शीला को 278 मत मिले। सचिव पद पर जौनपुर छात्र संगठन के अनिल ने मसूरी छात्र संगठन के नितिन सिंह को 165 मतों से सबसे बड़ी जीत दर्ज की। अनिल को 347 व नितिन को 182 मत मिले। वहीं अन्य प्रत्याशी अनिल सिंह को 21 व नितिन रावत को 19 मतों पर संतोष करना पड़ा।
वही चुनाव परिणामों के बाद विजयी प्रतियाशियो ने गांधी चौक से मॉल रोड , कुलरी, लंढौर बाजार तक विजयी झलूस निकाला। पूर्व पालिका अध्यक्ष ओ पी उनियाल, भाजपा नेता सतीश ढौंडियाल, मोहन पेटवाल, भाजपा मंडल अध्यक्ष राकेश रावत , महानगर उपाध्यक्ष पुष्पा पडियार, आशीष जोशी, पूर्व छात्र नेता आशुतोष कोठारी, नंदू मेलवान, मनीष कुकशाल, देवेंद्र बर्तवाल, अमित भट्ट , गंजेंद्र सिंह, तन्मीत खालसा, विजय बिंदवाल, सहित शहर के राजनीतिक सामाजिक संगठनों ने नए छात्र संगठन के पदाधिकारियों को बधाई दी।

