मसूरी गर्ल्स इंटर कालेज में विधिक साक्षरता शिविर में कानून की जानकारी दी।

मसूरी। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण एवं तहसील विधिक सेवा समिति के तत्वाधान में मसूरी गर्ल्स इंटर कालेज में विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया जिसमें बतौर मुख्य वक्ता सिविल जज, न्यायिक मजिस्टेªट शमशाद अली ने छात्राओं को विधिक साक्षरता के तहत विभिन्न कानूनों की जानकारी दी।
मसूरी गर्ल्स इंटर कालेज में आयोजित विधिक जागरूकता शिविर में छात्राओं को संबोधित करते हुए सिविल जज शमशाद अली ने शिक्षिकाओं व छात्राओं को नये कानूनों की जानकारी दी। उन्होंने छात्राओं को मोटर व्हीकल एक्ट के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि नाबालिग या बिना लाइसेंस के स्कूटी चलाने पर 25हजार का चालान होता है वहीं अभिभावक को सजा का भी प्रावधान है इसलिए बिना लाइसंेस के वाहन न चलाये। वहीं किसी भी दुर्घटना में कोई क्लेम नहीं मिलता। नये कानून में सरलीकरण किया गया है ताकि न्याय शीघ्र मिल सके हर हालात में दो माह में चार्जशीट दाखिल करनी होती है व ट्रायल के लिए समय सीमा निर्धारित की गई है। वहीं उन्होंने घरेलू हिंसा, सहित अनेक कानूनों की विस्तार से जानकारी दी वहीं बताया कि अगर किसी गरीब जरूरतमंद को न्यायालय में केस लडने के लिए अधिवता की जरूरत होती है तो जिला विधिक सेवा प्राधिकरण उन्हें अधिवता उपलब्ध करवाता है। वहीं शिविर के दौरान वरिष्ठ अधिवक्ता मनोज सैली ने छात्राओं से सवाल पूछे व उन्हें रोजमर्रा के कार्यों व प्रमाण पत्रों की जानकारी दी। इस मौके पर प्रधानाचार्या प्रभा थपलियाल ने सिविल जज सहित सभी अतिथियों का आभार व्यक्त किया। इस मौके पर विद्यालय के प्रबंधक मनोज सैली, भारत भूषण सहित विद्यालय की शिक्षिकाएं व छात्राएं मौजूद रही।
मसूरी:-  जिला विधिक सेवा प्राधिकरण एवं तहसील विधिक सेवा समिति के तत्वाधान में मसूरी गर्ल्स इंटर कालेज में विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया जिसमें बतौर मुख्य वक्ता सिविल जज, न्यायिक मजिस्ट्रेट शमशाद अली ने छात्राओं को विधिक साक्षरता के तहत विभिन्न कानूनों की जानकारी दी।
मसूरी गर्ल्स इंटर कालेज में आयोजित विधिक जागरूकता शिविर में छात्राओं को संबोधित करते हुए सिविल जज शमशाद अली ने शिक्षिकाओं व छात्राओं को नये कानूनों की जानकारी दी। उन्होंने छात्राओं को मोटर व्हीकल एक्ट के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि नाबालिग या बिना लाइसेंस के स्कूटी चलाने पर 25हजार का चालान होता है वहीं अभिभावक को सजा का भी प्रावधान है, इसलिए बिना लाइसेंस वाले वाहन न चलाये। वहीं किसी भी दुर्घटना में कोई क्लेम नहीं मिलता। नये कानून में सरलीकरण किया गया है ताकि न्याय शीघ्र मिल सके हर हालात में दो माह में चार्जशीट दाखिल करनी होती है व ट्रायल के लिए समय सीमा निर्धारित की गई है। वहीं उन्होंने घरेलू हिंसा, सहित अनेक कानूनों की विस्तार से जानकारी दी वहीं बताया कि अगर किसी गरीब जरूरतमंद को न्यायालय में केस लडने के लिए अधिवक्ता की जरूरत होती है तो जिला विधिक सेवा प्राधिकरण उन्हें अधिवक्ता उपलब्ध करवाता है। वहीं शिविर के दौरान वरिष्ठ अधिवक्ता मनोज सैली ने छात्राओं से सवाल पूछे व उन्हें रोजमर्रा के कार्यों व प्रमाण पत्रों की जानकारी दी। इस मौके पर प्रधानाचार्या प्रभा थपलियाल ने सिविल जज सहित सभी अतिथियों का आभार व्यक्त किया। इस मौके पर विद्यालय के प्रबंधक मनोज सैली, भारत भूषण सहित विद्यालय की शिक्षिकाएं व छात्राएं मौजूद रही।