मसूरी:- एमपीजी कालेज में जी- 20 सम्ममिट, जी-20 एक अवसर या चुनौती-भारत के संदर्भ में पर राष्ट्रीय संगोष्ठी का आयोजन किया गया। गोष्ठी में विभिन्न क्षेत्रों से आये विविध आयामों तथा चुनौतियों पर मंथन किया गया।
एमपीजी कालेज प्रांगण में आयोजित जी-20 सम्मेलन का शुभारंभ दीप प्रज्वलित कर किया गया। वहीं इस मौके पर 100 से अधिक शोधपत्र पढे गये। इस मौके पर कालेज के प्राचार्य अनिल कुमार चौहान ने सभी अतिथियों का स्वागत किया व कहा कि सम्मेलन में प्रो. एचएस धामी, जसपाल खत्री, विनय सेठी, ममता आदि सहित 100 शोध पत्र आये। जी -20 जिसकी भारत ने अध्यक्षता की इससे मसूरी व विद्यालय के छात्र लाभान्वित हुए होगे। संगोष्ठी में प्रातः कालीन सत्र के मुख्य अतिथि कुमाउं विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति प्रो. होशियार सिंह धामी, ने जी-20 में सुझाये गये लक्ष्यों की चर्चा करत हुए भारतीय संदर्भ में उनकी उपयोगिता पर प्रकाश डाला। समापन समारोह में बतौर मुख्य अतिथि प्रदेश के काबीना मंत्री गणेश जोशी ने कहा कि यह हमारे देश के लिए बडे गौरव की बात है कि जी 20 की अध्यक्षता करने का सौभाग्य भारत को मिला। आज विश्व के पटल पर भारत का नाम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किया। व उनके मार्ग दर्शन में एक पृथ्वी, एक परिवार के सिद्धात के साथ कार्य किया व उसे आगेे बढाने का कार्य किया। भारत का जी 20 की अध्यक्षता का विषय एक परिवार के तहत किया गया व सभी प्रकार के जीवन मूल्यों को जीवत करने की बात कही। उन्होंने कहा कि साठ शहरों में दो सौ से अधिक बैठक हुई जिसमें उत्तराखंड व रामनगर व नरेंद्र नगर में कार्यक्रम हुए इसके लिए प्रधानमंत्री का धन्यवाद किया। इससे पूर्व संगोष्ठी में डा. वीके सेठी डा. जसपाल खत्री, प्रो. ममता सिंह प्रो. मौरी ताहिर, डा. तीरथ प्रकाश, तथा रजत अग्रवाल, पूर्व विधायक जोत सिंह गुनसोला, पूर्व पालिकाध्यक्ष मनमोहन सिंह मल्ल ने भी अपना संबोधन दिया। इस दौरान स्मारिका का लोकार्पण भी किया गया। इस अवसर पर पूर्व पालिकाध्यक्ष अनुज गुप्ता, प्रो शालिनी गुप्ता, डा. गंगा शरण, डा. आरपीएस चौहान, डा. सुनील पंवार, आरएन भार्गव इंटर कालेज के प्रधानाचार्य अनुज तायल, लिपिका कंबोज, डा. एमएस उपाध्याय, डा. प्रमोद भारतीय, डा. नवनीत, डा. वीपी जोशी, सहित बडी संख्या में छात्र छात्राएं मौजूद रहे।

