आंतरिक शिकायत समिति बैठक में विधिक सेवा प्राधिकरण की भूमिका पर प्रकाश डाला।

मसूरी। आंतरिक शिकायत समिति आईसीसी 2026 की एक बैठक सेंट जॉर्ज कॉलेज, मसूरी में आयोजित की गई। इस सत्र में सिविल जज न्यायिक मजिस्ट्रेट मनोज सिंह राणा ने राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण तथा तहसली विधिक सेवा प्राधिकरण की भूमिका पर प्रकाश डाला।
सेंटजार्ज कालेज में आयोजित आंतरिक शिकायत समिति की बैठक में सिविल जज न्यायिक मजिस्ट्रेट मनोज राणा ने अपने संबोधन में तहसील विधिक सेवा प्राधिकरण की भूमिका पर प्रकाश डाला, जो कार्यपालिका और न्यायपालिका के मध्य समन्वय स्थापित करने का कार्य करते हैं। उन्होंने बताया कि इन संस्थाओं का उद्देश्य छोटे-मोटे कानूनी विवादों का समाधान करना तथा सभी नागरिकों को सुलभ न्याय प्रदान करना है। उन्होंने बच्चों को देश के मूलभूत कानूनों के बारे में शिक्षित करने और उन्हें उनके विधिक अधिकारों एवं कर्तव्यों के प्रति जागरूक करने की आवश्यकता पर भी विशेष बल दिया। समिति के सभी सदस्यों ने उनके सुझावों और मार्गदर्शन का सर्वसम्मति से समर्थन किया। वर्ष 2026 की आईसीसी की प्रथम बैठक थी। बैठक का मुख्य एजेंडा नए विचारों का स्वागत करना तथा सदस्यों से रचनात्मक सुझाव प्राप्त करना था जिससे आगामी वर्ष में समिति का कार्य प्रभावी रूप से संचालित किया जा सके। बैठक की अध्यक्षता अध्यक्ष जुही सब्बरवाल एवं सचिव सुश्री दीक्षा मट्टा द्वारा की गई। सदस्यों ने समिति के उद्देश्यों एवं दायित्वों से अवगत कराया। सेंट जॉर्ज कॉलेज के उप-प्रधानाचार्य ब्रदर फेलिक्स कुमार, अधिवक्ता अजय आर्य  नगर पालिका से बिजेन्द्र नेगी, अधिवक्ता मनोज सैली, डॉ स्नेहा पँवार, हिमानी जोशी कुमाई, बीना विनसेंट एवं सुनीता जखमोला सहित समिति के सदस्य मौजूद रहे।